BEST LINES SWAMI VIVEKANANDA


हम जो बोते है वो काटते है |
हम स्वय अपने भाग्य के निर्माता है |


विश्व एक विशाल व्यायामशाला है जहा हम
खुद को मजबूत बनाने के लीये आते है |


उठो ,जागो और तब तक मत रुको जब तक 
लक्ष्य की प्राप्ती ना हो जाये | 


जब लोग तुम्हे गाली दे तो तुम उन्हे आशीर्वाद दो |
सोचो तुम्हारे झुठे दभ को बाहर निकालकर वो 
तुम्हारी कितनी मदद कर रहे है |


दिल और दिमाग के टकराव मे 
दिल की सुनो |


यदी स्व्यय मे विश्वास करना और अधिक विस्तार से पढाया और 
अभ्यास कराया गया होता ,तो मुझे यकिन है कि बुराईयो और ढुख का 
एक बहुत बडा हिस्सा गायब हो गया होता | 


बाहरी स्वभाव केवल अंदरूनी स्वभाव का बढा रूप है |


एक समय मे एक काम करो , और ऐसा करते समय अपनी पुरी
आत्मा उसमे डाल दों और बाकी सब कुछ भूल जओ |


चिंतन करो ,चिंता नही ,
नये विचारो को जन्म दों |


कुछ मत पुछो , बदले मे कुछ मत मॅंगो |
जो देना है वो दों ,वो तुम तक वापस आयेगा ,
पर उसके बरेमे अभी मत सोचो |


जब तक आप खुद पर विश्वास नही करते तब तक 
आप भगवान पर विश्वास नही कर सकते |